बिल्हौर बेदीपुर का बेटा, ग्वालियर कृषि विश्वविद्यालय का कुलपति बन नाम किया रोशन
राहुल त्रिपाठी
क्षेत्र के एक छोटा से गांव बेदीपुर निवासी किसान परिवार में जन्मे डा0 अरविंद शुक्ला मध्य प्रदेश ग्वालियर स्थित राज माता विजयराजे सिंधिया कृषि विश्वविद्यालय कुलपति बनाए गए हैं। मध्य प्रदेश के राजपाल मंगू लाल पटेल ने डा0 अरविंद को विश्वविद्यालय की जिम्मेदार सौंपी है। डा0 अरविंद के कुलपति बनाए जाने के बाद उनके बिल्हौर,बेदीपुर, मल्लापुर, रसूलपुर, सैबसू, घिमऊ, अप्पा निवादा आदि गांवों में रहने वाले सहपाठियों और मित्रों परिवारीजनों में खुशी का माहौल है।
बिल्हौर बेदीपुर के डॉ अरविंद शुक्ल ग्वालियर कृषि यूनिवर्सिटी का बने कुलपति
सैबसू गांव स्थित जन कल्याण इंटर कालेज के पूर्व प्रधानाचार्य सिद्घ गोपाल द्विवेदी ने बताया कि उनके छात्र रहे बेदीपुर गांव निवासी अरविंद शुक्ला अब मध्य प्रदेश ग्वालियर स्थित राजमाता विजयराजे सिंधिया कृषि विश्वविद्यालय के कुलपति बनाए गए हैं। अरविंद शुक्ल के पिता स्व0 जगदीश प्रसाद शुक्ला किसान थे और इनकी माता रामरोशनी शुक्ला थी जो घरेलू महिला थीं। अरविंद ने 10 वीं तक की पढ़ाई सैबसू कालेज में की, और उसे मैंने विज्ञान पढ़ाई है। 12 वीं कन्नौज के एसएन इंटर कालेज से किया जबकि कृषि में बीएससी, एमएससी और पीएचडी कानपुर के चंद्रशेखर आजाद विश्व विद्यालय से किया। वर्तामान में अरविंद भोपाल के भारतीय मृदा विज्ञान संस्थान में परियोजना कोआर्डीनेटर हैं।
डा0 अरविंद के किसान भाई ने किसानी कर पढ़ाया, बहन ने किया मार्गदर्शन
कुलपति बनाए गए डा0 अरविंद शुक्ला ने बताया कि उनके पिता किसान थे, इसलिए उनके गांव में रहने वाले किसान भाई सुरेंद्र शुक्ल जो आज भी गांव में ही रहते हैं, उन्होंने पढ़ाने का पूरा खर्च उठाया और बहन रेशम त्रिवेदी और इनके जेठ श्यामबाबू त्रिवेदी ने असफलता होने पर बहुत प्रोत्साहन, मार्गदर्शन दिया। मेरी सफलता में मुझे गणित पढ़ाने वाले मास्टर जी प्रकाश नारायण, विज्ञान पढ़ाने वाले सिद्घगोपाल का बहुत बड़ा योगदान है।
सैबसू इंटर कालेज में पढ़े और सीएसए विश्वविद्यालय पाई डिग्री
डा0 अरविंद शुक्ला ने बताया कि राजभवन से उन्हें कुलपति बनने की जानकारी 28 अक्टूबर को राजमाता विजयराजे सिंधिया कृषि विश्वविद्यालय, ग्वालियर में कुलपति पद पर नियुक्ति होने की जानकारी मिली है। अभी व्यस्तता बहुत हैं, जल्द ही अपने गांव आउंगा।
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इमली का पेड़ पर चढ़ते थे तो मारते थे मास्टर जी
सैबसू इंटर कालेज में हाईस्कूल तक की पढ़ाई करने के बाद म0प्र0 राजमाता विजयराजे सिंधिया कृषि विश्व विद्यालय ग्वालियर के कुलपति बने डा0 अरविंद शुक्ला को बचपन में कालेज में लगी इमली का पेड़ आज भी याद है। वह बताते हैं कि जब वह आठवीं में पढ़ते थे तो कालेज के इमली के पेड़ पर चढ़कर इमली तोड़ते थे तब मास्टर जी द्वारा पेड़ के नीचे खड़ा होकर पहले बहलाते हुए नीचे उतारा जाता था, फिर छड़ी से जमकर पिटाई होती थी, कालेज के पेड़ की पकी हुई इमली का स्वाद और मास्टर जी की पिटाई आज भी उन्हें हूबहू याद है।
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