भाजपा कानपुर ग्रामीण जिलाध्यक्ष घो​षित, बिल्हौर के आवेदकों में मायूसी

राहुल त्रिपाठी

बिल्हौर। बीते कई माह से भाजपा कानपुर ग्रामीण जिलाध्यक्ष के नाम की घोषणा की अटकलों के बीच रविवार दोपहर बाद घाटमपुर के पूर्व विधायक उपेंद्र पासवान का नाम घोषित होते ही बिल्हौर विधानसभा क्षेत्र से आवेदन करने वाले 7 भाजपा समर्थकों में मायूसी नजर आई। वहीं दबे मन से सभी संगठन के इस फैसले का समर्थन करते हुए पार्टी की नीतियों को आगे बढ़ाने की बात कहते हुए चुप्पी साधते हुए एकांत की ओर चले गए।
भाजपा कानपुर ग्रामीण जिलाध्यक्ष घो​षित, बिल्हौर के आवेदकों में मायूसी
बिल्हौर विधानसभा से 7 पार्टीजनों ने जिलाध्यक्ष पद के लिए किया था नामांकन

मालूम रहे कि बीते वर्ष दिसंबर माह में भाजपा कानपुर ग्रामीण जिलाध्यक्ष पद के लिए नामांकन प्रक्रिया आरंभ हुई थी, तब बिल्हौर विधानसभा क्षेत्र से ककवन निवासी सत्येंद्र उर्फ राजू दुबे, औरोंताहरपुर निवासी पूर्व जिलाध्यक्ष कृष्ण मुरारी शुक्ला, पूर्व उपाध्यक्ष जय प्रकाश कटियार, पूर्व जिलाध्यक्ष रवी दी​क्षित के भतीजे व जिला पंचायत सदस्य अश्विनी उर्फ गोपाल दीक्षित, उत्तरीपुरा निवासी संतोष बाजपेई, महिला मोर्चा और शिवराजपुर नगर पंचायत की प्रत्याशी रहीं गीता गुप्ता और युवा ऋषि नारायण गुप्ता ने जिलाध्यक्ष पद के लिए आवेदन किया था। सूत्र बताते हैं कि उक्त सभी के राजनैतिक गुरु के साथ दिल्ली, लखनऊ और एक हिंदूवादी संगठन से जुड़े लोगों आवास-कार्यालय से लड्डू-गुझियां, फल आदि पहुंचाने में कोई कोर कसर नहीं रखी, लेकिन जैसे-जैसे समय गुजर रहा था तभी आवेदकोंकी धड़कने बढ़ती जा रही थीं। नाम घोषणा के अंतिम समय तक सभी दावेदार लगातार अपने-अपने राजनैतिक गुरुओं के संपर्क में रहे और सभी जिलाध्यक्ष की जिम्मेदारी मिलने का दावा भी कर रहे थे। वहीं सभी आवेदक एक दूसरे को छोटा बताकर अपनी महत्व और पकड़ को मजबूत कह जिम्मेदारी मिलने का दावा भी कर रहे थे, लेकिन लंबे इंतजार के बाद भाजपा कानपुर ग्रामीण के कुल 21 आवेदकों में से घाटमपुर के पूर्व विधायक उपेंद्र पासवान को संगठन ने जिलाध्यक्ष की जिम्मेदारी सौंरी है। जबकि बिल्हौर से आवेदन करने वाले 7 आवेदन को मायूसी हाथ लगी हैद्ध जिला अध्यक्ष का नाम घोषित होने के बाद सभी दावेदार अपना अपना गणित अपने समर्थकों को बता रहे हैं।
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भाजपा संगठन में बिल्हौर का दशकों तक रहा दबदबा
बिल्हौर। भाजपा कानपुर ग्रामीण में बिल्हौर का कई वर्षों से दखल और दबदबा रहा है। भाजपा के कौशल अवस्थी, चौबेपुर के रवि दीक्षित, बिल्हौर के रामशरण कटियार, सुशील कटियार, कृष्ण मुरारी शुक्ला जिलाध्यक्ष पद पर रहकर क्षेत्र का नेतृत्व पार्टी में कर चुके हैं। यहीं कारण है इसबार भी बिल्हौर, घाटमपुर और बिठूर तक में विस्तारित इस पद के लिए कुल 21 आवेदनों में से 7 बिल्हौर से जुड़े थे। बिल्हौर के सभी जिला अध्यक्षों ने अपने कार्यकाल में संगठन और पार्टी की नीतियों के प्रचार प्रसार और लोकसभा और विधानसभा चुनाव में बेहतर प्रदर्शन भी किया, लेकिन भाजपा ने किसी पर भी दोबारा दांव नहीं खेला। सूत्रों का दावा है दलित वोटरों को रिझाने और एकजाई करने के लिए पार्टीं लगातार प्रयासरत है।
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भाजपा कानपुर ग्रामीण अध्यक्ष पद के लिए नामाकन करने वाले आवेदक
निवर्तमान अध्यक्ष दिनेश सिंह कुशवाहा, निवर्तमान अध्यक्ष कृष्ण मुरारी शुक्ला, वेदव्रत सचान,पवन प्रताप सिंह, मीरा सिंह भदौरिया, जय प्रकाश कटियार, जिला पंचायत सदस्य अ​श्विनी गोपाल दी​क्षित, जिला पंचायत सदस्य पुत्र व भाजपा युवा मोर्चा अध्यक्ष रविंद्र चौहान, धर्मेंद्रपाल, संतोष बाजपेई, महिला मोर्चा की ​शिवराजपुर निवासी गीता गुप्ता, पूर्व घाटमपुर विधायक उपेंद्र पासवान, सर्वेश यादव, अजीत कुमार, ऋ​षि नारायण गुप्ता बिल्हौर, सतेंद्र उर्फ राजू दुबे ककवन, रूपनारायण तिवारी, दलजीत ​​सिंह, रामकुमार, अरुण पाल

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